धनबाद जिले के बाघमारा प्रखंड स्थित जमुआतांड पंचायत में आयोजित एक पारिवारिक समारोह ने स्थानीय राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। पंचायत के मुखिया निरंजन गोप की पुत्री के जन्मदिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में धनबाद के मेयर संजीव सिंह की मुख्य अतिथि के रूप में मौजूदगी ने क्षेत्र में राजनीतिक अटकलों का बाजार गर्म कर दिया।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण, सामाजिक कार्यकर्ता और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। समारोह के दौरान मेयर संजीव सिंह का पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया, जबकि उपस्थित लोगों ने जन्मदिन का केक काटकर मुखिया परिवार की पुत्री को आशीर्वाद और शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर धनबाद की समाजसेवी श्वेता किन्नर सहित कई गणमान्य नागरिक और समाजसेवी संगठनों के पदाधिकारी भी मौजूद रहे। पूरे कार्यक्रम का माहौल पारिवारिक और सामाजिक सौहार्द से भरा रहा।
हालांकि इस आयोजन की सबसे अधिक चर्चा मेयर संजीव सिंह और मुखिया निरंजन गोप की एक साथ मौजूदगी को लेकर हो रही है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि मुखिया निरंजन गोप लंबे समय से बाघमारा के पूर्व विधायक एवं धनबाद सांसद ढुलू महतो के करीबी समर्थकों में गिने जाते रहे हैं। ऐसे में उनके नेतृत्व में सैकड़ों समर्थकों द्वारा मेयर संजीव सिंह का भव्य स्वागत कई तरह की राजनीतिक संभावनाओं और समीकरणों की ओर संकेत करता दिखाई दे रहा है।
हालांकि इस संबंध में मेयर संजीव सिंह ने किसी भी राजनीतिक अटकल को महत्व देने से इनकार किया। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि वे केवल स्नेह और आत्मीयता के रिश्ते के कारण इस कार्यक्रम में शामिल हुए हैं।
धनबाद के मेयर संजीव सिंह ने कहा “जिसको जो समझना है, वह समझे। हम यहां प्यार और स्नेह के रिश्ते से जुड़े हैं और आदिशक्ति स्वरूप बिटिया को आशीर्वाद देने आए हैं।”
बाघमारा के विकास को लेकर मेयर ने कहा कि क्षेत्र के समग्र विकास के लिए वे हमेशा सकारात्मक प्रयास करते रहेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि जनता के हित में जो भी बेहतर कार्य होंगे, उनमें वे हरसंभव सहयोग देने के लिए तैयार हैं।
कार्यक्रम के दौरान जब उनसे राजनीतिक हलचल और कुछ लोगों के “बीपी बढ़ने” संबंधी चर्चाओं पर सवाल पूछा गया तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि आज खुशी का अवसर है और वे यही कामना करते हैं कि इस शुभ दिन किसी का भी “बीपी” न बढ़े।
फिलहाल यह कार्यक्रम एक पारिवारिक आयोजन जरूर था लेकिन इसकी तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद बाघमारा की राजनीति में नए समीकरणों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। आने वाले दिनों में यह मुलाकात केवल सामाजिक शिष्टाचार साबित होती है या इसके राजनीतिक मायने निकलते हैं, इस पर सभी की नजर बनी रहेगी।
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