सड़क दुर्घटना या किसी अन्य आपात स्थिति में घायल व्यक्ति की पहचान करना और उसके परिजनों तक समय पर सूचना पहुंचाना अक्सर बड़ी चुनौती बन जाता है। खासकर तब, जब घायल व्यक्ति बेहोशी की हालत में हो और उसके पास मौजूद लोगों को उसके परिवार के बारे में कोई जानकारी न हो। ऐसी ही समस्या के समाधान के लिए कोल्हान में ‘मदद साथी’ की ओर से Emergency QR की शुरुआत की गई है।
Friends Allied Services की इस पहल का उद्देश्य आपात स्थिति में किसी व्यक्ति की पहचान और उसके परिजनों तक तत्काल सूचना पहुंचाने की प्रक्रिया को आसान बनाना है। Emergency QR को वाहन के अलावा बुजुर्गों, बच्चों और डिलीवरी कर्मियों के लिए भी उपयोगी बनाया गया है।
QR स्कैन करते ही सामने आएगी जरूरी जानकारी
‘मदद साथी’ के निदेशक नितेश कुमार सिंह ने प्रेस वार्ता में Emergency QR की कार्यप्रणाली की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दुर्घटना या किसी अन्य आपात स्थिति में घायल व्यक्ति के पास मौजूद लोगों के सामने सबसे बड़ी परेशानी उसके परिवार से संपर्क करने की होती है।
ऐसी स्थिति में वाहन या संबंधित व्यक्ति पर लगा Emergency QR महत्वपूर्ण माध्यम बन सकता है। QR कोड स्कैन करने पर पहले से उपलब्ध कराई गई आवश्यक जानकारी स्क्रीन पर दिखाई देगी। इसमें व्यक्ति का नाम, परिवार का संपर्क नंबर, घर का पता, फोटो और ब्लड ग्रुप जैसी मेडिकल जानकारी शामिल हो सकती है।
इस जानकारी के माध्यम से मौके पर मौजूद व्यक्ति बिना ज्यादा समय गंवाए परिजनों से संपर्क कर सकता है, जिससे घायल को समय पर आवश्यक सहायता दिलाने में मदद मिल सकती है।
छोटा सा QR, मुश्किल वक्त में बड़ा सहारा
नितेश कुमार सिंह ने कहा कि एक छोटा सा QR किसी परिवार के लिए मुश्किल समय में बड़ी मदद साबित हो सकता है। उन्होंने बताया कि Emergency QR को केवल बाइक, स्कूटी या कार जैसे वाहनों तक सीमित नहीं रखा गया है।
वरिष्ठ नागरिकों, स्कूली बच्चों और डिलीवरी कर्मियों के लिए भी यह सुविधा उपयोगी हो सकती है। यदि कोई बच्चा या बुजुर्ग रास्ता भटक जाए या किसी आपात स्थिति में मदद की जरूरत पड़े, तो QR के जरिए उसकी पहचान और परिवार से संपर्क करने में सहायता मिल सकती है।
आपात स्थिति में सही व्यक्ति तक सही समय पर सूचना पहुंचाने का प्रयास
‘मदद साथी’ के अनुसार, Emergency QR का उद्देश्य केवल किसी व्यक्ति की जानकारी उपलब्ध कराना नहीं है, बल्कि आपात स्थिति में सही व्यक्ति तक सही समय पर सूचना पहुंचाने की व्यवस्था तैयार करना है।
इसी उद्देश्य के साथ इस पहल को आम लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि सड़क दुर्घटना या अन्य आपात परिस्थितियों में पहचान और संपर्क से जुड़ी परेशानियों को कम किया जा सके।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में हुआ लाइव डेमो
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान Emergency QR की कार्यप्रणाली का लाइव डेमो भी प्रस्तुत किया गया। इस दौरान इसके पंजीकरण की प्रक्रिया, उपयोग, उपलब्ध सुविधाओं और डेटा सुरक्षा से जुड़े पहलुओं की जानकारी दी गई।
पहल से जुड़े लोगों के मुताबिक, आपात स्थिति में कुछ मिनट भी महत्वपूर्ण होते हैं। ऐसे में Emergency QR जैसी व्यवस्था घायल या जरूरतमंद व्यक्ति के परिवार तक सूचना पहुंचाने में एक अतिरिक्त माध्यम के रूप में काम कर सकती है।









