झारखंड के गुमला जिले में एक युवती को ब्लैकमेल कर लाखों रुपये वसूलने और उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत के आधार पर गुमला थाना पुलिस ने आरोपी प्रभास्कर कुजूर को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। आरोप है कि आरोपी ने युवती के अश्लील फोटो और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर उससे करीब 15.17 लाख रुपये वसूल लिए। पुलिस मामले की जांच कर रही है और डिजिटल साक्ष्यों के साथ बैंक लेन-देन की भी पड़ताल की जा रही है।
गुमला थाना प्रभारी दिनेश कुमार ने प्रेस वार्ता में मामले की जानकारी देते हुए बताया कि पीड़िता ने अपनी शिकायत में वर्ष 2025 की घटना का जिक्र किया है। शिकायत के अनुसार, जब युवती 17 वर्ष की थी, उसी दौरान उसकी पहचान आरोपी से हुई थी। आरोप है कि आरोपी ने युवती का मोबाइल नंबर लिया और सोशल मीडिया के माध्यम से उससे संपर्क बढ़ाया। शुरुआत में सामान्य बातचीत के बाद मामला कथित तौर पर ब्लैकमेलिंग तक पहुंच गया।
पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने उसके फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर रुपये की मांग शुरू कर दी। शिकायत में दावा किया गया है कि डर और दबाव के कारण युवती से अलग-अलग माध्यमों से करीब 15.17 लाख रुपये लिए गए। इस मामले में बैंक लेन-देन से जुड़े विवरण भी सामने आए हैं, जिनकी पुलिस जांच कर रही है।
शिकायत में युवती ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपी उसे डराने-धमकाने के बाद अलग-अलग जगहों पर ले गया और उसकी इच्छा के विरुद्ध शारीरिक संबंध बनाए। आरोप है कि इस दौरान आरोपी ने वीडियो भी बनाया। पीड़िता के मुताबिक, विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और जान से मारने की धमकी भी दी गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए गुमला थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। जांच के दौरान मोबाइल फोन, सोशल मीडिया पर हुई बातचीत, कथित फोटो-वीडियो और बैंक ट्रांजैक्शन जैसे साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है, ताकि शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि की जा सके।
यह मामला एक बार फिर सोशल मीडिया के जरिए होने वाली ब्लैकमेलिंग और निजी तस्वीरों या वीडियो के दुरुपयोग से जुड़े गंभीर जोखिमों को सामने लाता है। ऐसी परिस्थितियों में पीड़ितों के लिए समय रहते पुलिस से संपर्क करना और उपलब्ध डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित रखना महत्वपूर्ण होता है। फिलहाल, मामले में लगाए गए आरोपों की जांच जारी है। आरोपी के खिलाफ आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया और जांच के निष्कर्षों के आधार पर होगी।







