भारतीय जनता पार्टी (BJP) को जल्द ही अपना नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिलने वाला है। पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नवीन अपना नॉमिनेशन फाइल करेंगे, और उनके नाम की ऑफिशियल घोषणा 20 जनवरी को की जाएगी।
खास बात यह है कि नितिन नवीन सिर्फ 46 साल के हैं, और अगर उनका नाम फाइनल हो जाता है, तो वह BJP के इतिहास में सबसे कम उम्र के राष्ट्रीय अध्यक्ष बन जाएंगे। पार्टी सूत्रों के अनुसार, BJP हाई कमान – जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मौजूदा राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी. नड्डा शामिल हैं – ने सर्वसम्मति से नितिन नवीन के नाम को मंज़ूरी दे दी है।

नितिन नवीन का राजनीतिक करियर
नाम: नितिन नवीन
पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी)
राज्य: बिहार
प्रोफ़ाइल: संगठनात्मक राजनीति में मज़बूत नेता, पटना के प्रभावशाली व्यक्ति
छात्र राजनीति से मुख्यधारा की राजनीति तक
नितिन नवीन ने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत छात्र राजनीति से की। वह अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) में शामिल हुए, और यहीं से उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम रखा। युवाओं के साथ उनके मज़बूत जुड़ाव और उनके संगठनात्मक कौशल ने उन्हें तेज़ी से आगे बढ़ाया।
बीजेपी में संगठनात्मक भूमिका
पार्टी में अपने समय के दौरान, उन्होंने कई महत्वपूर्ण संगठनात्मक जिम्मेदारियां संभालीं। वह बूथ लेवल से लेकर राज्य लेवल तक लगातार एक्टिव रहे। उन्हें एक ऐसे नेता के तौर पर जाना जाने लगा जो जमीनी स्तर पर संगठन को मजबूत करने में माहिर थे।
विधानसभा और मंत्री के तौर पर अनुभव
नितिन नवीन पटना साहिब निर्वाचन क्षेत्र से विधायक हैं और कई बार चुनाव जीतकर उन्होंने इस इलाके में एक मज़बूत सपोर्ट बेस बनाया है। वह बिहार सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं। अपने कार्यकाल के दौरान, उन्होंने शहरी विकास, सड़क, भवन और अन्य महत्वपूर्ण विभागों सहित कई विभागों का कार्यभार संभाला।
राजनीतिक प्रोफ़ाइल
- ज़मीनी स्तर के नेता
- पार्टी संगठन और सरकार दोनों में अनुभव
- शहरी और युवा वोटरों के बीच मज़बूत पकड़
आज, उन्हें बीजेपी के राज्य संगठन में एक भरोसेमंद चेहरा माना जाता है और वह टॉप लीडरशिप के करीबी नेताओं में गिने जाते हैं।
अब तक के बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष और उनका कार्यकाल
बीजेपी के अब तक के राष्ट्रीय अध्यक्षों का इतिहास पार्टी की वैचारिक और संगठनात्मक यात्रा को दर्शाता है।
-
अटल बिहारी वाजपेयी (1980–1986) – पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष
-
लालकृष्ण आडवाणी (1986–1991) – पार्टी को राष्ट्रीय पहचान दिलाई
-
डॉ. मुरली मनोहर जोशी (1991–1993) – वैचारिक मजबूती का दौर
-
लालकृष्ण आडवाणी (1993–1998) – दूसरा कार्यकाल
-
कुशाभाऊ ठाकरे (1998–2000) – संगठन के मजबूत स्तंभ
-
बंगारू लक्ष्मण (2000–2001)
-
जन कृष्णमूर्ति (2001–2002)
-
एम. वेंकैया नायडू (2002–2004)
-
लालकृष्ण आडवाणी (2004–2005) – तीसरा कार्यकाल
-
राजनाथ सिंह (2005–2009)
-
नितिन गडकरी (2009–2013)
-
राजनाथ सिंह (2013–2014) – दूसरा कार्यकाल
-
अमित शाह (2014–2020) – सबसे लंबा और चुनावी तौर पर सबसे सफल कार्यकाल
-
जेपी नड्डा (2020–2026) – वर्तमान अध्यक्ष
Also Read: नेशनल कबड्डी में चमकी ठाकुरगंगटी की दिव्या, अंडर-14 प्रतियोगिता के लिए हुआ चयन
क्या नितिन नवीन बीजेपी का नया चेहरा बन सकते हैं?
अगर नितिन नवीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष की ज़िम्मेदारी दी जाती है, तो यह बीजेपी के लिए एक बड़ा जेनरेशनल बदलाव होगा। युवा नेतृत्व, संगठनात्मक अनुभव, और ज़मीनी स्तर पर मज़बूत जुड़ाव – ये तीन फैक्टर उन्हें इस पद के लिए एक मज़बूत दावेदार बनाते हैं।
अब सबकी नज़रें 20 जनवरी पर हैं, जब बीजेपी औपचारिक रूप से अपने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के नाम की घोषणा करेगी।









