Jharkhand News: चाइबासा के सारंडा जंगल इलाके में, किरीबुरु पुलिस स्टेशन के तहत, ‘मेधाबुरु’ कोडनेम से एक स्पेशल ऑपरेशन शुरू किया गया। इस ऑपरेशन में 209 कोबरा कमांडो, झारखंड जगुआर, CRPF और जिला पुलिस की जॉइंट फोर्स ने आज सुबह करीब 6:30 बजे से टॉप माओवादी नेता अनल उर्फ पतिराम मांझी के हथियारबंद दस्ते के साथ कई मुठभेड़ कीं। माओवादियों ने पुलिस पर जानबूझकर फायरिंग की ताकि नुकसान पहुंचाया जा सके, और सुरक्षा बलों ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। मुठभेड़ों के दौरान, अब तक 15 माओवादियों के शव बरामद किए गए हैं, साथ ही बड़ी मात्रा में हथियार और रोज़मर्रा की ज़रूरत का सामान भी मिला है।

प्रारंभिक जांच में 15 मृत नक्सलियों में से 11 की पहचान निम्न रूप से हुई है:-
1. अनल उर्फ पतिराम मांझी (CCM)-1 करोड़ ईनामी (झारखण्ड), 1 करोड़ 20 लाख ईनामी (उड़ीसा), 15 लाख ईनामी (एन०आई०ए०). (कुल कांड-149), सा० झरहा, थाना-पीरटांड, जिला-गिरडीह, झारखंड।
2. अनमोल उर्फ सुशांत (BJSAC)-25 लाख ईनामी (झारखण्ड), 65 लाख ईनामी (उड़ीसा), (कुल कांड-149) पता-ग्राम बंसी टोला, थाना नावाडीह, जिला बोकारो, झारखण्ड ।
3. अमित मुण्डा (RCM)-15 लाख ईनामी (झारखण्ड), 43 लाख ईनामी (उड़ीसा), 04 लाख ईनामी (एन०आई०ए०), (कुल कांड-96), पता-ग्राम तमराना, थाना तमाड़, जिला-राँची।
4. पिन्टु लोहरा (SZC)-05 लाख ईनामी (झारखण्ड) (कुल कांड-47), पता-बारीसालडीह, थाना सोनाहातू जिला राँची, झारखंड।
5. लालजीत उर्फ लालु (SZC)-05 लाख ईनामी (झारखण्ड), पता-धारणादिरी, थाना- किरीबुरू, जिला-चाईबासा ।
6. राजेश मुण्डा (ACM), (कुल कांड-14), पता-ग्राम माईलपिड़ी, थाना अड़की, जिला-खूँटी।
7. बुलबुल अलदा (ACM). (कुल कांड-08), पता-ग्राम ईलीगढ़ा, थाना तांतनगर, जि० चाईबासा ।
8. बबिता (ACM), (कुल कांड-16), पता-कोरर्रा, थाना कुचाई, जि० सरायकेला।
9. पुर्णिमा (ACM). (कुल कांड-05). पता-ईचागोडा, थाना गोईकेरा, जिला चाईबासा ।
10. सुरजमुनी (Cadre)-
11. जोंगा (Cadre)- (कुल कांड-01), पता-बोईपाई ससांग, थाना गोईलकेरा, जिला चाईबासा ।
यह ध्यान देने वाली बात है कि 2022 से, टॉप माओवादी नेता अनल उर्फ पतिराम मांझी ने चाईबासा के कोल्हान के सारंडा जंगल इलाके में माओवादियों द्वारा किए गए धमाकों और हिंसक हमलों में सुरक्षा बलों को हुए नुकसान में बड़ी भूमिका निभाई है।
इस ऑपरेशन से माओवादी काफी कमज़ोर हो गए हैं। झारखंड पुलिस बचे हुए उग्रवादियों से सरेंडर करने और झारखंड सरकार की “सरेंडर और पुनर्वास नीति” का फायदा उठाने की अपील करती है।
तलाशी अभियान अभी भी जारी है। ऑपरेशन पूरा होने के बाद इसके बारे में और जानकारी अलग से दी जाएगी।







