Patna News: बिहार में नीतीश कुमार की सरकार ने प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। सरकार ने साफ तौर पर कहा है कि कुछ अधिकारियों की कार्यशैली और उनके काम में पारदर्शिता की कमी के कारण सरकार को बड़ा झटका लगा है। ऐसे में अब राज्य के विभिन्न विभागों में हड़कंप मच गया है, क्योंकि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का आदेश सीधे ऊपर से आया है और विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठने लगे हैं।

आदेश की सख्ती से प्रशासन में हड़कंप
राज्य सरकार के आदेश में साफ़ तौर पर कहा गया है कि अब अधिकारियों को कड़ी निगरानी और निगरानी में काम करना होगा। इस आदेश से प्रशासनिक व्यवस्था में बड़े बदलाव की उम्मीद है। यह आदेश उन अधिकारियों के लिए किसी चेतावनी से कम नहीं है जिन पर निगरानी रखी जा रही है। यह भी कहा गया है कि जिन अधिकारियों के काम में कोई अनियमितता पाई जाएगी, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।कहा जा रहा है कि इस आदेश के पीछे बिहार सरकार का एक मुख्य उद्देश्य प्रशासनिक भ्रष्टाचार और विभागीय कामकाज की सुस्ती को खत्म करना है। राज्य भर के विभिन्न विभागों में लापरवाही और रिश्वतखोरी की लगातार खबरें आ रही थीं, जिससे राज्य सरकार की छवि धूमिल हो रही थी। इसके बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सीधे हस्तक्षेप करते हुए यह आदेश जारी किया।
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विभागों में बड़ा फेरबदल
माना जा रहा है कि इस आदेश के बाद बिहार सरकार बड़े प्रशासनिक बदलाव कर सकती है। अधिकारियों के तबादले और नई नियुक्तियों को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनकी ज़िम्मेदारियों से हटाए जाने की भी संभावना है। मुख्यमंत्री के कड़े रुख से यह भी संदेश जाता है कि राज्य में अब प्रशासनिक सुधार प्राथमिकता होगी।
न्याय और पारदर्शिता की ओर एक कदम
नीतीश कुमार सरकार का यह कदम शासन-प्रशासन में सुधार के लिए अहम साबित हो सकता है। अगर सरकार अपने आदेशों को सही ढंग से लागू करने में सफल होती है, तो इससे बिहार में सरकारी कामकाज में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी। साथ ही आम जनता को प्रशासन से जुड़ी समस्याओं का त्वरित समाधान मिल सकेगा।बिहार सरकार के इस आदेश को एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा सकता है। अधिकारियों को अपने काम में ज़्यादा जवाबदेही और पारदर्शिता दिखानी होगी। यदि यह प्रक्रिया सफल रही तो बिहार में शासन और प्रशासन की तस्वीर को नई दिशा देने में मददगार साबित हो सकती है।





