ईरान युद्ध जल्द खत्म होने के संकेतों के बाद भारत सहित दुनियाभर के लिए एक राहत भरी खबर आ रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान युद्ध जल्द खत्म होने के संकेत दिए हैं। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में ट्रंप ने कहा कि हम इस युद्ध को भी खत्म करने के बहुत करीब हैं। इससे दुनियाभर के बाजारों ने राहत की सांस ली है। सोमवार की भारी गिरावट के बाद आज भारतीय बाजार संभलता दिखाई दे रहा है। ठीक यही हाल दुनियाभर के बाजारों का है।

कल अमेरिकी बाजार अच्छी बढ़त के साथ बंद हुए। डाओ आधा परसेंट यानी करीब 250 प्वाइंट चढ़कर बंद हुआ। वहीं नैस्डेक 1.25 परसेंट से ज्यादा यानी 300 प्वाइंट से ज्यादा बढ़त के साथ बंद हुआ। S&P में भी करीब 1 परसेंट की बढ़त देखने को मिली। एशियाई बाजारों में भी आज हरियाली देखी जा रही है। हांगकांग, शंघाई और जापान के बाजार भी बढ़त के साथ कारोबार कर रहे हैं। जापान के निक्केई में 1500 प्वाइंट से ज्यादा की तेजी देखी जा रही है।
सबसे बड़ी राहत की खबर कच्चे तेल के फ्रंट पर आ रही है। कच्चे तेल के भाव में करीब 15 परसेंट से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली है। कल कच्चे तेल का भाव 110 डॉलर के पार चला गया था, जो आज लुढ़ककर 94 डॉलर प्रति बैरल के करीब कारोबार कर रहा है। कच्चे तेल के भाव में इस गिरावट के पीछे की वजह ट्रंप के बयान को माना जा रहा है। ट्रंप ने होर्मुज स्ट्रेट को ब्लॉक करने को लेकर ईरान को धमकी दी है। ट्रंप ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट के जरिए होने वाले ट्रैफिक को रोकने का ईरान अगर कोई कोशिश करता है तो अमेरिका इसे बर्दाश्त नहीं करेगा और बीस गुना ज्यादा ताकत से ईरान पर हमला करेगा।
ग्लोबल एनर्जी मार्केट के लिए होर्मुज स्ट्रेट दिल के जैसा है। इस पर ट्रैफिक रुकना यानी दिल का धड़कना बंद होना, यानी ग्लोबल एनर्जी मार्केट के लिए बहुत बड़ी परेशानी। ओमान और ईरान के बीच होर्मुज स्ट्रेट है। 2025 में इस रूट के जरिए करीब 1 करोड़ 30 लाख बैरल कच्चे तेल की आवाजाही हुई थी। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर लिखा कि इस होर्मुज स्ट्रेट के खुले रहने का सबसे ज्यादा फायदा चीन को होगा। जानकार होर्मुज स्ट्रेट पर दिए गए बयान को अमेरिका की कूटनीति के तौर पर भी देख रहे हैं।
एक तरफ अमेरिका चीन के करीब ईरान पर हमला भी कर रहा है, वहीं दूसरी ओर होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा कर इस रूट को इस्तेमाल करने वाले देशों का समर्थन भी पाना चाह रहा है।





