Ranchi News: झारखंड पुलिस के लिए लंबे समय से सिरदर्द बने गैंगस्टर मयंक सिंह ( Mayank Singh ) उर्फ सुनील मीणा को अब भारत लाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। राज्य सरकार ने मयंक सिंह को अजरबैजान से भारत लाने की अनुमति दे दी है। इस कदम को झारखंड पुलिस के लिए बड़ी सफलता माना जा रहा है, क्योंकि मयंक सिंह के खिलाफ राज्य के कई जिलों में गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं।

मयंक सिंह उर्फ सुनील मीणा कौन है?
मयंक सिंह उर्फ सुनील मीणा झारखंड की आपराधिक दुनिया का कुख्यात चेहरा है। उसके खिलाफ जबरन वसूली, धमकी, अवैध हथियार रखने और संगठित अपराध के 36 से अधिक मामले दर्ज हैं। वह लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर था और विदेश में रहकर अपराध कर रहा था।
यह भी पढ़े: FIR की बौछार: बोकारो में विस्थापन आंदोलन के बाद सियासी संग्राम तेज, अब तक 6 मामले दर्ज
अज़रबैजान में गिरफ्तारी और प्रत्यर्पण प्रक्रिया
मयंक सिंह को अज़रबैजान में गिरफ्तार किया गया, जहाँ वह फर्जी पहचान के साथ रह रहा था। एटीएस और खुफिया एजेंसियों की सतर्कता से उसकी पहचान उजागर हुई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। अब राज्य सरकार के निर्देश पर झारखंड एटीएस की टीम अजरबैजान जाकर उसे भारत लाने की प्रक्रिया पूरी करेगी। इस मिशन का पूरा खर्च राज्य सरकार द्वारा वहन किया जाएगा।
राज्य सरकार द्वारा सख्त कार्रवाई
राज्य सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि झारखंड में मयंक सिंह जैसे अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है। सरकार की यह पहल न केवल कानून-व्यवस्था को मजबूत करती है बल्कि अन्य अपराधियों को भी कड़ा संदेश देती है।
भविष्य में और खुलासे संभव हैं
सूत्रों के मुताबिक मयंक सिंह की गिरफ्तारी के बाद उससे पूछताछ में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। संभावना है कि वह राज्य में सक्रिय कई अन्य गिरोहों और सफेदपोश अपराधियों के बारे में जानकारी दे सकता है। गैंगस्टर मयंक सिंह की अजरबैजान से वापसी झारखंड पुलिस और राज्य सरकार के लिए बड़ी उपलब्धि है। इससे यह स्पष्ट होता है कि सरकार और प्रशासन संगठित अपराध के खिलाफ कड़ा रुख अपना रही है।
अब देखना यह है कि मयंक सिंह की गिरफ्तारी का झारखंड के अपराध नेटवर्क पर कितना असर पड़ेगा।





