झारखंड में JPSC और JSSC की परीक्षाओं एवं भर्ती प्रक्रिया से जुड़ी मांगों को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार को आंदोलन के 17वें दिन बड़ी संख्या में छात्र राजधानी रांची की सड़कों पर उतरे और विधानसभा मार्च निकालने की कोशिश की। विधानसभा की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने बैरिकेडिंग की, लेकिन प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने की कोशिश करते रहे। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया और इसके बाद लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले भी दागे।
छात्रों का विधानसभा मार्च, बढ़ा तनाव
JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का आंदोलन पिछले 17 दिनों से जारी है। सोमवार को बड़ी संख्या में छात्र विधानसभा मार्च के लिए निकले। प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए विधानसभा के आसपास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। प्रदर्शनकारियों ने एक के बाद एक कई बैरिकेड पार करने की कोशिश की जिसके बाद पुलिस और छात्रों के बीच तनाव बढ़ गया। हालात को नियंत्रित करने के लिए पुलिस की ओर से वाटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया तथा लाठीचार्ज भी किया गया।
पुलिस कार्रवाई के बाद सियासत तेज
छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के बाद अब इस मुद्दे ने राजनीतिक रंग भी ले लिया है। कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने छात्रों के खिलाफ बल प्रयोग को गलत बताया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि झारखंड में विरोध-प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ बल का इस्तेमाल गलत है। राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों को शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने का अधिकार है और किसी भी समस्या का समाधान बातचीत के जरिए ही निकाला जा सकता है।
राहुल गांधी ने झारखंड सरकार से छात्रों की बात सुनने और उनकी समस्याओं का जल्द समाधान करने की अपील की है। इससे पहले भी वह छात्रों की मांगों पर सरकार से गंभीरता से विचार करने की बात कह चुके हैं। हम आपको बता दें कि झारखंड में महागठबंधन की सरकार है यानी जेएमएम की सरकार कांग्रेस की सपोर्ट से चल रही है।
छात्रों की मांगों को लेकर जारी है आंदोलन
JPSC और JSSC से जुड़ी परीक्षाओं तथा भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और लंबित मांगों को लेकर अभ्यर्थी लंबे समय से आंदोलन कर रहे हैं। छात्रों का कहना है कि उनकी मांगों पर सरकार को स्पष्ट और ठोस कदम उठाने चाहिए। आंदोलन के लगातार लंबा खिंचने के कारण छात्रों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
भारतीय जनता पार्टी ने छात्रों के समर्थन में मंगलवार यानी 11 अगस्त को रांची बंद का आह्वान किया है। इससे राजधानी में राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।
सरकार और छात्रों के बीच बातचीत से निकले समाधान की उम्मीद
JPSC-JSSC अभ्यर्थियों के आंदोलन के बीच अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि सरकार और छात्रों के बीच बातचीत कब शुरू होती है और उनकी मांगों पर क्या फैसला लिया जाता है। एक ओर छात्र अपनी मांगों को लेकर आंदोलन जारी रखने पर अड़े हैं वहीं दूसरी ओर पुलिस कार्रवाई के बाद विपक्ष सरकार पर दबाव बनाने की तैयारी में है।
फिलहाल विधानसभा मार्च के दौरान हुई कार्रवाई ने झारखंड में JPSC-JSSC आंदोलन को एक बार फिर राजनीतिक और सामाजिक बहस के केंद्र में ला दिया है। आने वाले दिनों में सरकार की प्रतिक्रिया और छात्रों के अगले कदम पर सभी की नजर रहेगी।
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