हवा में अचानक पैदा हुआ संकट और चाकू से हमला हालात बहुत गंभीर थे, फिर भी कॉकपिट में मौजूद भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार ने अपना आपा नहीं खोया। फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 पर हुई इस घटना में उन्हें गंभीर चोटें आईं, लेकिन संकट को संभालने में उनकी भूमिका की इज़राइल और भारत समेत कई जगहों पर तारीफ़ हो रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उड़ान के दौरान एक हमलावर ने कैप्टन स्मित मच्छार पर चाकू से हमला किया। चोट लगने के बावजूद, उन्होंने हालात को संभाले रखा और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की। इस घटना के बाद फ्लाइट का रुख सऊदी अरब के तबुक शहर की ओर मोड़ दिया गया, जहाँ घायल पायलट को अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हमले के बावजूद अपनी जगह नहीं छोड़ी
इज़राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की तारीफ़ की। नेतन्याहू के अनुसार, हमले में घायल होने के बावजूद पायलट ने अपना हौसला बनाए रखा और हमलावर को काबू करने में यात्रियों और क्रू सदस्यों की मदद की।

कैप्टन स्मित को “असली हीरो” बताते हुए उन्होंने उनके जल्द ठीक होने की कामना की।नेतन्याहू ने कहा कि पायलट की हिम्मत और सूझबूझ से यात्रियों की जान बचाने में मदद मिली। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि कैप्टन की भूमिका ने इस घटना को एक बड़ी त्रासदी बनने से रोका।पीएम मोदी ने परिवार से बात की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कैप्टन स्मित मच्छार के परिवार से फ़ोन पर बात की। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीएम मोदी ने उनकी पत्नी सोनल और माता-पिता भूपेंद्र-भाई और गीता-बेन से बात की उन्होंने कैप्टन की बहादुरी की तारीफ़ की और उनके जल्द ठीक होने की कामना की। एक कार्यक्रम में बोलते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि इज़राइल के प्रधानमंत्री ने कैप्टन स्मित की हिम्मत की तारीफ़ की है और कहा है कि एक भारतीय ने 9/11 जैसी त्रासदी को टालने में अहम भूमिका निभाई। पीएम मोदी ने लोगों से कैप्टन स्मित के जल्द ठीक होने की प्रार्थना कने की भी अपील की।

रियाद में भारतीय दूतावास और जेद्दा में भारत का वाणिज्य दूतावास कैप्टन स्मिथ मच्छार की मेडिकल स्थिति पर नज़र रखे हुए हैं। भारतीय मिशन के अनुसार, पायलट को सऊदी अरब के उत्तर-पश्चिमी शहर तबुक के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उन्हें ज़रूरी मेडिकल इलाज दिया जा रहा है। दूतावास ने बताया कि शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, उनकी हालत स्थिर है। भारतीय मिशन कैप्टन के परिवार के संपर्क में है और हर संभव मदद देने के लिए सऊदी अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रहा है।
इज़राइली राजनयिक रूवेन अज़ार ने भी कैप्टन स्मिट की बहादुरी की तारीफ़ की। उन्होंने कहा कि पायलट के साथ-साथ इज़राइली और अमीराती यात्रियों और क्रू सदस्यों ने जो हिम्मत दिखाई, उसने संकट को संभालने में अहम भूमिका निभाई। इस घटना के बाद, विमान को सुरक्षित रूप से दूसरी जगह भेजा गया। इस पूरी घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि उड़ान के दौरान अचानक आई गंभीर स्थिति का सामना करते समय पायलट और क्रू की सूझ-बूझ कितनी ज़रूरी होती है। कैप्टन स्मिट मच्चर का अभी तबुक के अस्पताल में इलाज चल रहा है और उनके जल्द ठीक होने की पूरी उम्मीद है।
इसे भी पढ़े – नामकुम में ‘स्वच्छता ही सेवा-2026’ अभियान, मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने स्वैच्छिक स्वच्छता अभियान में हिस्सा लिए








1 thought on “भारतीय पायलट ने 174 यात्रियों की बचाई जान, दुनिया भर से भाारतिय पायलेट का शबाशियां, इजराइल के PM नेतन्याहू और ट्रंप ने कहा-हीरो पायलेट”