कोयलांचल के समग्र विकास की मांग को लेकर बुधवार को धनबाद विकास मंच के बैनर तले रणधीर वर्मा चौक पर आयोजित एक दिवसीय महाधरना विकास के सवाल पर अभूतपूर्व एकजुटता का गवाह बना। मूसलाधार बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में लोग पूरे जोश के साथ धरना स्थल पर डटे रहे। सबसे उल्लेखनीय बात यह रही कि अलग-अलग राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधि और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि दलगत सीमाएं भुलाकर धनबाद के विकास के साझा एजेंडे पर एक मंच पर नजर आए।

मुख्य अतिथि जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने कहा कि धनबाद को अब केवल कोयला आधारित अर्थव्यवस्था तक सीमित नहीं रखा जा सकता। उन्होंने श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट, कोलकाता के माध्यम से पूर्वी एशियाई देशों से व्यापारिक संबंध मजबूत करने, शहर के आसपास सैटेलाइट टाउनशिप विकसित करने तथा आईटी और एआई आधारित उद्योगों को बढ़ावा देने की वकालत की, ताकि स्थानीय युवाओं को जिले में ही रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकें।
निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने कहा कि यह किसी राजनीतिक दल का नहीं, बल्कि पूरे धनबाद के अधिकारों का आंदोलन है। उन्होंने एयरपोर्ट, नई रेल सेवाओं और अन्य केंद्रीय परियोजनाओं की मांग को संसद तक मजबूती से उठाने का भरोसा दिलाया। साथ ही खनन क्षेत्र में भू-धंसान और विस्थापन जैसी समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए सभी पक्षों की भागीदारी से व्यापक सेमिनार आयोजित करने का सुझाव दिया।
सिंदरी विधायक चंद्रदेव महतो ने कहा कि धनबाद के लोगों को आज भी पढ़ाई, दवाई और कमाई के लिए दूसरे राज्यों का रुख करना पड़ता है। उन्होंने सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, ट्रॉमा सेंटर, एयरपोर्ट और कौशल विकास के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
मेयर संजीव सिंह ने कहा कि जनप्रतिनिधियों, प्रशासन, बीसीसीएल और रेलवे के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किए बिना धनबाद का समग्र विकास संभव नहीं है। उन्होंने नियमित समन्वय बैठकें आयोजित करने की आवश्यकता पर बल दिया।
धरना में मौजूद वक्ताओं ने कहा कि देश को सर्वाधिक राजस्व देने वाले जिलों में शामिल होने के बावजूद धनबाद आज भी एयरपोर्ट, आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं, बेहतर रेल संपर्क और मजबूत आधारभूत संरचना जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार से लंबित विकास परियोजनाओं पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की। मूसलाधार बारिश के बीच भी लोगों का अडिग उत्साह इस बात का स्पष्ट संदेश देता रहा कि अब धनबाद विकास के मुद्दे पर एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करने के लिए तैयार है।
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