पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर निवासी संदीप रॉय उर्फ रॉकी यादव पिछले कई वर्षों से शेल कंपनियों के नाम पर हजारों करोड़ की चोरी में लगे हैं। ऐसा अनुमान
गिरिडीह जिले के डुमरी थाना में पुलिस द्वारा जब्त किए गए दो ट्रक लोहे के बाद लगाया जा रहा है। झारखंड पुलिस ने पिछले शनिवार देर रात कार्रवाई करते हुए लोहे से लदे दो ट्रकों को जब्त किया है। पुलिस ने बताया कि ट्रकों के पास वैध कागजात नहीं पाए गए। जब्त किए गए ट्रकों के नंबर CG07AU0417 और UP52BT2330 बताए जा रहे हैं। पुलिस ने दोनों वाहनों को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।

सूत्रों की मानें तो दो ट्रकों में भरे लोहे की ये खेप पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर निवासी संदीप रॉय उर्फ रॉकी यादव से जुड़ी बताई जा रही है। बताया जाता है कि इससे पहले भी उनके ठिकानों पर डीजीजीआई यानी Directorate General of GST Intelligence की टीम छापेमारी कर चुकी है, जहां से कई महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद हुए थे।
मुनचुन ट्रेडर्स के नाम पर जीएसटी खेल का आरोप
सूत्रों का दावा है कि इस खेप में मुनचुन ट्रेडर्स नामक फर्म के दस्तावेजों का इस्तेमाल किया गया है। बताया जाता है कि इस फर्म पर पहले भी जीएसटी गड़बड़ी के आरोप लगे थे और विभाग की ओर से इसका लाइसेंस रद्द किया जा चुका है। आरोप यह भी है कि ये कंपनी वास्तविक रूप से सक्रिय नहीं है और लंबे समय से एक शेल कंपनी के के तौर पर इसका इस्तेमाल किया जाता है। इसके जरिए बड़े पैमाने पर जीएसटी से जुड़े वित्तीय लेनदेन में अनियमितता की आशंका जताई जा रही है।
कौन है संदीप रॉय उर्फ रॉकी यादव
सूत्रों के मुताबिक 7 जनवरी 2026 को रॉकी के ठिकानों पर भी छापेमारी की गई थी। बताया जाता है कि उनके खिलाफ झारखंड के कई थानों में मामले दर्ज होने की भी चर्चा है। बताया जा रहा है कि रॉकी का परिवार लंबे समय से ट्रांसपोर्ट कारोबार से जुड़ा रहा है। इसी कारोबार के जरिए वह धीरे-धीरे लोहे और सरिया के परिवहन से जुड़े नेटवर्क में सक्रिय हुआ।
सूत्रों के अनुसार दुर्गापुर, कांकसा के वामूनारा और जमुरिया के औद्योगिक क्षेत्रों से लोहा और सरिया की खेप बिहार, उत्तर प्रदेश और झारखंड भेजी जाती है। बताया जाता है कि रोजाना कई ट्रक इस रूट से गुजरते हैं।
जांच एजेंसियों पर उठ रहे हैं सवाल
मामले में यह भी सवाल उठ रहे हैं कि इतने गंभीर आरोपों और पहले की कार्रवाई के बावजूद कथित नेटवर्क पर अब तक ठोस कार्रवाई क्यों नहीं हुई। फिलहाल डुमरी थाना पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और ट्रकों के दस्तावेजों की पड़ताल की जा रही है।
जानकारों की मानें तो रॉकी यादव के तार देश के कई राज्यों और कंपनियों से जुड़े हैं और पिछले कई वर्षों से जीएसटी चोरी के जरिए वो सरकार को हाजारों करोड़ का चूना लगा रहे हैं। और इसके इस काम में इस विभाग से जुड़े कई अधिकारी भी उसका साथ दे रहे हैं।





