ईरान युद्ध के चलते सप्लाई में कमी की आशंका से बिहार में LPG को लेकर बेचैनी काफी बढ़ चुकी है। ईरान–इजराइल, अमेरिका तनाव और वैश्विक गैस सप्लाई पर असर की खबरों के बीच बिहार के कई जिलों में घरेलू LPG सिलेंडर को लेकर लोगों में चिंता बढ़ गई है। अफवाह और बढ़ती मांग के कारण कई जगहों पर गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें देखी जा रही हैं।

शेखपुरा में लोग एहतियातन अतिरिक्त सिलेंडर लेने के लिए गैस एजेंसियों का रुख कर रहे हैं। एजेंसी कर्मियों के अनुसार फिलहाल गैस की कमी नहीं है, लेकिन सर्वर समस्या और केवाईसी की दिक्कत के कारण कई उपभोक्ताओं को सिलेंडर मिलने में देरी हो रही है। नए नियम के तहत एक सिलेंडर लेने के बाद 25 दिन के भीतर दूसरा सिलेंडर नहीं दिया जा रहा है।
मधेपुरा में नियमों में बदलाव के बाद स्थिति और कठिन हो गई है। अब गैस लेने के लिए बुकिंग और मोबाइल OTP अनिवार्य कर दिया गया है। सीमित आपूर्ति और बढ़ती मांग के कारण उपभोक्ताओं को घंटों लाइन में लगना पड़ रहा है साथ ही होम डिलीवरी भी प्रभावित हो रही है।
सुपौल में गैस नहीं मिलने से नाराज लोगों ने त्रिवेणीगंज–पिपरा मुख्य मार्ग पर NH-327E को जाम कर प्रदर्शन किया। उपभोक्ताओं का आरोप है कि एजेंसी में गैस नहीं होने की बात कही जा रही है, जबकि बाजार में सिलेंडर 1500 से 2000 रुपये तक में बेचे जा रहे हैं। पुलिस के समझाने के बाद करीब एक घंटे बाद जाम हटाया गया।
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बाढ़ और मुंगेर में भी गैस एजेंसियों पर सुबह से ही लंबी कतारें लग रही हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि गैस खत्म होने की खबरों के बाद लोग अतिरिक्त सिलेंडर लेने पहुंच रहे हैं। एजेंसी संचालकों के अनुसार सप्लाई में हल्की देरी जरूर है, लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है और सभी उपभोक्ताओं को गैस उपलब्ध कराई जाएगी।
कुल मिलाकर अफवाह, नियमों में बदलाव और सप्लाई में देरी के कारण राज्य के कई जिलों में रसोई गैस को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।





