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पहाड़ों के बीच सालोंभर गिरता है रहस्यमयी झरना, बरसात में और बढ़ जाती है सेवती घाटी की खूबसूरती

On: September 4, 2026 4:52 PM
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पहाड़ों के बीच सालोंभर गिरता है रहस्यमयी झरना, बरसात में और बढ़ जाती है सेवती घाटी की खूबसूरती
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झारखंड और बंगाल की सीमा पर स्थित सेवती घाटी इन दिनों अपनी प्राकृतिक खूबसूरती को लेकर लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। बोकारो जिले के कसमार प्रखंड क्षेत्र में आने वाली यह घाटी चारों ओर से पहाड़ों और हरियाली से घिरी हुई है। सड़क से गुजरते वक्त दोनों ओर दिखाई देने वाले ऊंचे-ऊंचे पहाड़ और घने पेड़-पौधे यहां आने वाले लोगों को कुछ देर रुककर प्रकृति को निहारने के लिए मजबूर कर देते हैं।

हालांकि, सेवती घाटी की खूबसूरती में सबसे खास आकर्षण यहां पहाड़ से गिरने वाला झरना है। इस झरने की खासियत यह है कि इसमें सालोंभर पानी की धार दिखाई देती है। बारिश के मौसम में जब पहाड़ों पर पानी बढ़ जाता है, तब झरने का बहाव भी तेज हो जाता है और इसका नजारा देखते ही बनता है।

पहाड़ों के बीच झरने का मनोरम नजारा

सेवती घाटी से गुजरते समय जैसे ही पहाड़ों के बीच गिरता हुआ झरना नजर आता है, लोगों की निगाहें उस पर ठहर जाती हैं। ऊंचाई से पेड़-पौधों के बीच अपना रास्ता बनाता हुआ पानी जब नीचे गिरता है तो आसपास का पूरा वातावरण बेहद खूबसूरत नजर आता है।

बरसात के दौरान झरने की धार और घनी हरियाली का मेल इस प्राकृतिक स्थल की खूबसूरती को कई गुना बढ़ा देता है। बादलों से घिरे पहाड़, चारों तरफ फैली हरियाली और झरने की लगातार गिरती जलधारा यहां आने वाले लोगों को प्रकृति के करीब होने का अहसास कराती है।

सालोंभर पानी गिरने का रहस्य बरकरार

स्थानीय लोगों के बीच इस झरने को लेकर काफी उत्सुकता है। ग्रामीणों के मुताबिक, पहाड़ से पूरे साल पानी आखिर कहां से आता है, इसका रहस्य अभी तक पूरी तरह सामने नहीं आया है। स्थानीय मान्यता है कि झरने का उद्गम पहाड़ के ऊपरी हिस्से में कहीं है, जहां से पानी पेड़-पौधों और चट्टानों के बीच से होकर नीचे आता है।

झरने के पानी को स्थानीय लोग मीठा बताते हैं। कुछ लोगों का मानना है कि जंगल और पहाड़ी क्षेत्र से होकर आने के कारण पानी में प्राकृतिक जड़ी-बूटियों के गुण भी हो सकते हैं। हालांकि, पानी में औषधीय गुण होने की बात की अभी वैज्ञानिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए इसे लेकर किसी तरह का स्वास्थ्य संबंधी दावा करना उचित नहीं होगा।

लोगों के लिए बन रहा है पसंदीदा सेल्फी प्वाइंट

सेवती घाटी से गुजरने वाले लोग अक्सर झरने के पास कुछ देर रुकते हैं। कई लोग प्राकृतिक नजारे का आनंद लेते हैं, जबकि युवा और पर्यटक यहां तस्वीरें और सेल्फी लेते हुए भी नजर आते हैं। मोबाइल कैमरों में कैद होती झरने और पहाड़ों की खूबसूरत तस्वीरों के कारण यह स्थान धीरे-धीरे स्थानीय लोगों के बीच एक पसंदीदा सेल्फी प्वाइंट के रूप में भी पहचान बना रहा है।

प्रकृति प्रेमियों के लिए यह जगह खास आकर्षण रखती है। यहां की शांति, पहाड़ी वातावरण, हरियाली और लगातार बहता झरना इसे आसपास के अन्य प्राकृतिक स्थलों से अलग पहचान देते हैं।

पर्यटन के विकास की अपार संभावनाएं

सेवती घाटी में प्राकृतिक पर्यटन की अच्छी संभावनाएं नजर आती हैं। यदि यहां बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जाए, तो यह क्षेत्र स्थानीय और आसपास के जिलों से आने वाले पर्यटकों के लिए एक बेहतर गंतव्य बन सकता है।

हालांकि पर्यटन विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण पर भी विशेष ध्यान देना जरूरी होगा। झरने और पहाड़ी क्षेत्र को प्लास्टिक कचरे, प्रदूषण और अनियंत्रित निर्माण से बचाकर ही इसकी प्राकृतिक खूबसूरती को लंबे समय तक कायम रखा जा सकता है।

सेवती घाटी का यह झरना प्रकृति के उस खूबसूरत रूप की झलक दिखाता है, जिसे देखने के लिए किसी बड़े पर्यटन केंद्र की जरूरत नहीं पड़ती। पहाड़ों, हरियाली और सालोंभर बहती जलधारा के बीच बसा यह इलाका आने वाले समय में झारखंड के एक आकर्षक प्राकृतिक पर्यटन स्थल के रूप में अपनी पहचान बना सकता है।

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