कोयला क्षेत्र के दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री Annapurna Devi ने विकास योजनाओं को लेकर झारखंड सरकार की कड़ी आलोचना की। Annapurna Devi ने कहा कि केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी ‘जल जीवन मिशन’ योजना राज्य में भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई है, जिससे आम लोगों को इसका पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि जहां केंद्र ऐसी योजनाओं के लिए सभी राज्यों को पर्याप्त सहयोग और संसाधन देता है, वहीं झारखंड सरकार उन्हें ज़मीनी स्तर पर प्रभावी ढंग से लागू करने में विफल रही है। केंद्रीय मंत्री Annapurna Devi ने कहा कि योजनाओं के खराब कार्यान्वयन और प्रशासनिक लापरवाही के कारण झारखंड विकास में पिछड़ रहा है।

उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि अगर केंद्रीय योजनाओं को पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ लागू किया जाए, तो राज्य के ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं। उन्होंने दावा किया कि केंद्र का मकसद हर घर तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाना है, लेकिन राज्य सरकार के काम करने का तरीका इस लक्ष्य में बाधा डाल रहा है।NEET पेपर लीक मामले पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार इस पूरे मामले को बहुत गंभीरता से ले रही है। उन्होंने बताया कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) इस मामले की जांच कर रही है और जांच के नतीजों के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। इसके अलावा, छात्रों के भविष्य और हितों को ध्यान में रखते हुए, 21 जून को दोबारा परीक्षा कराने का फैसला किया गया है ताकि योग्य उम्मीदवारों के साथ कोई अन्याय न हो।
केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा मेरे हमारे पास बहुत सारी ऐसी योजनाएं जिसे झारखंड की विकास हो सकती है लेकिन यहां की सरकार हर योजनाओं को भ्रटाचार का भेंट चढ़ा द रही है, उनका कहना था कि सरकार चाहती ही नहीं की राज्य का विकास हो।जो योजनाएं भारत सरकार की है उसमें भी झारखंड सरकार असक्षम हो जा रही है।
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