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बैद्यनाथ (Baidyanath) की नगरी में जुटी श्रद्धालुओं की लगी आस्था की भीड़, 51 लाख कवरियों का उमड़ा जनसैलाब

बैद्यनाथ (Baidyanath) की नगरी में जुटी श्रद्धालुओं की लगी आस्था की भीड़, 51 लाख कवरियों का उमड़ा जनसैलाब
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देवघर यानी बाबा बैद्यनाथ  (Baidyanath)  की नगरी, जहां सालभर श्रद्धालुओं की आस्था देखने को मिलती है, लेकिन श्रावण के महीने में यहां का नजारा पूरी तरह भक्तिमय हो जाता है। देश के कोने-कोने से लाखों श्रद्धालु बाबा बैद्यनाथ (Baidyanath) के दर्शन और जलाभिषेक के लिए देवघर पहुंचते है। देवघर में सावन की चौथी और अंतिम सोमवारी को लेकर बाबा बैद्यनाथ (Baidyanath) की नगरी पूरी तरह शिवमय हो गई है। बाबा के दर्शन और जलार्पण के लिए देश के अलग-अलग राज्यों से लाखों की संख्या में कांवरिया देवघर पहुंच चुके हैं। कांवरिया पथ से लेकर बाबा मंदिर तक हर तरफ बोल बम के जयकारे गूंज रहे हैं।आज अहले सुबह करीब 3 बजे बाबा बैद्यनाथ मंदिर का पट खोला गया। इसके बाद सरदार पंडा द्वारा सरदारी पूजा संपन्न कराई गई और सुबह करीब 4:15 बजे आम श्रद्धालुओं के लिए बाबा बैद्यनाथ का जलार्पण शुरू हुआ। मंदिर में अरघा के माध्यम से श्रद्धालु बाबा पर जल अर्पित कर रहे हैं। वहीं, लंबी कतार में लगने में असमर्थ श्रद्धालुओं के लिए मंदिर प्रांगण में बाह्य अरघा की व्यवस्था की गई है।

श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मंदिर परिसर में बड़े-बड़े एलईडी स्क्रीन लगाए गए हैं, जहां बाबा बैद्यनाथ के पूजा-अर्चना और जलार्पण का लाइव प्रसारण कराया जा रहा है। इससे दूर खड़े श्रद्धालु भी बाबा के दर्शन कर पा रहे हैं।चौथी सोमवारी पर संभावित भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। देवघर के उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने बताया कि आज देवघर में करीब 3 लाख से साढ़े 3 लाख कांवरियों और श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। भीड़ प्रबंधन को लेकर रूट लाइन की लगातार निगरानी की जा रही है।

देर रात से कतार में लगे कांवरियों को आवश्यकता के अनुसार बीएड कॉलेज परिसर में बनाए गए बड़े डोम पंडाल में शिफ्ट किया जा रहा है, ताकि भीड़ को व्यवस्थित किया जा सके और श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो। वहीं, बाबा मंदिर के सरदार पंडा ने कहा कि सावन की अंतिम सोमवारी बेहद खास है। बाबा बैद्यनाथ पर श्रद्धा के साथ गंगाजल और बेलपत्र अर्पित करने से भक्तों को मनवांछित फल की प्राप्ति होती है। चौथी सोमवारी पर पूरा देवघर आस्था और भक्ति के रंग में रंगा नजर आ रहा है।

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