जमशेदपुर के गोविंदपुर अन्ना चौक के समीप जर्जर सड़क (Dilapidated roads) और जानलेवा गड्ढों को लेकर स्थानीय लोगों का गुस्सा अब सड़क पर उतर आया है। आज सुबह हुए जर्जर सड़क (Dilapidated roads) पर हादसे के बाद ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। जिला परिषद सदस्य डॉ. परितोष सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीणों ने सड़क के बीच बने गड्ढों में पेड़-पौधे लगाकर अनोखे तरीके से विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने जिला प्रशासन और स्थानीय कंपनियों पर सड़क की बदहाली को लेकर उदासीनता बरतने का आरोप लगाया है। तस्वीरें जमशेदपुर के गोविंदपुर अन्ना चौक की हैं, जहां जर्जर सड़क (Dilapidated roads) पर बने बड़े-बड़े गड्ढे और जलजमाव राहगीरों के लिए मुसीबत बने हुए हैं।
इसी सड़क पर आज सुबह हुए हादसे के बाद स्थानीय लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। जिस से ग्रामीणों ने सड़क के बीचों-बीच गड्ढों में पेड़-पौधे लगाकर अपना विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे जिला परिषद सदस्य डॉ. परितोष सिंह ने जिला प्रशासन और स्थानीय कंपनी प्रबंधनों पर गंभीर सवाल खड़े किए। उनका कहना है कि जेमको चौक से अन्ना चौक तक करीब पांच बड़ी कंपनियां संचालित हो रही हैं, बावजूद इसके सड़क की स्थिति बदहाल बनी हुई है।
बता दें कि जलजमाव और गड्ढों के कारण आए दिन लोग दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। डॉ. परितोष सिंह ने आरोप लगाया कि प्रशासन और कंपनी प्रबंधन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने जल्द सड़क की मरम्मत और जलजमाव की समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो क्षेत्र की जनता को साथ लेकर बड़ा जन-आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने औद्योगिक क्षेत्र की आर्थिक नाकेबंदी की चेतावनी देते हुए कहा कि इसके लिए प्रशासन और संबंधित कंपनियां जिम्मेदार होंगी।





