रांची स्थित RSS कार्यालय के बाहर देर रात करीब 12:30 बजे पेट्रोल बम से हमला किए जाने का मामलें ने झारखंड के धुधकती राजनिती को हवा देने का काम किया है। इस घटना के समय भारतीय जनता पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौके पर मौजूद थे। RSS कार्यालय की घटना की जानकारी मिलते ही रांची विधायक सी.पी. सिंह, रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ सहित भाजपा के कई नेता घटनास्थल पर पहुंचे। BJP नेताओं ने इस RSS कार्यालय की घटना की कड़ी निंदा करते हुए पुलिस प्रशासन से जल्द से जल्द मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों की गिरफ्तारी की मांग की है।

वहीं, रांची DSP ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के लिए SIT (विशेष जांच दल) का गठन कर दिया गया है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर जांच प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। प्रशासन का कहना है कि घटना से जुड़े सभी सुरागों को खंगाला जा रहा है और जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
और अब इस मामलें को लेकर रांची स्थित आरएसएस मुख्यालय पर हुए हमले के बाद रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने घटना को गंभीर साजिश करार दिया है। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि देर रात करीब 12:30 बजे RSS कार्यालय पर दो पेट्रोल बम फेंके गए। इनमें से एक बम भवन की तीसरी मंजिल पर गिरा, जबकि दूसरा नीचे गिरा, लेकिन वह फट नहीं सका। संजय सेठ ने कहा कि यह घटना किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करती है। उन्होंने बताया कि इस मामले को लेकर उन्होंने डीजीपी और डीसी से बात की है, लेकिन एसपी का फोन नहीं लग सका। उन्होंने मांग की कि घटना में शामिल आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए।
उन्होंने कहा कि घटनास्थल के पास पीले नंबर प्लेट वाली एक गाड़ी खड़ी थी और सीसीटीवी फुटेज में कुछ युवा लड़के दिखाई दे रहे हैं। फुटेज के अनुसार, वे पहले आए और पेट्रोल बम फेंककर भाग गए, फिर दोबारा लौटकर एक और बम फेंका।
संजय सेठ ने कहा कि उस समय लोग जाग रहे थे, क्योंकि फुटबॉल मैच चल रहा था। साथ ही, हल्की बारिश होने और यह हॉस्टल क्षेत्र होने के कारण आसपास छात्र भी जाग रहे थे। ऐसे में इस तरह की घटना को अंजाम देना बेहद गंभीर मामला है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि इस घटना की गंभीरता से जांच करते हुए जल्द से जल्द मामले का उद्भेदन किया जाए।





